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Showing posts from August, 2010

कश्मीर बनाम जहन्नुम

मैं समझता हूं कश्मीर के मामले में जरूरत है समस्याओं और हालात पर एक नए नजरिये को अपनाने की। बीते सालों में हुई गलतियों और भूलों से सबक लिया जाए जिससे कि सूफियों की सरज़मीं कश्मीर, कश्मीर ही रहे, कुछ और न बनने पाए। लेकिन ये क्या हो रहा है कश्मीर में... कहां तो अमन-चैन की बात हो रही थी, लेकिन कश्मीर एक बार फिर सुलग उठा है। दो महीने पहले सेना के फर्जी एनकाउंटर से उठा विवाद और फिर पत्थरबाजों का कोहराम इतना बढ़ा कि 20 साल बाद एक बार फिर श्रीनगर में हालात को काबू करने के लिए सेना को मुस्तैद करना पड़ा। लेकिन हालात सुधरने और काबू में आने की बजाय और बिगड़ते ही जा रहे हैं। कश्मीर में लगी आग बुझने का नाम नहीं ले रही है। युवा आक्रोशित हैं। लोगों के दिलों में नफरत जवां होती जा रही है। लोगों का गुस्सा ज्वाला मुखी की तरह आग उगल रहा है। इसमें बड़ी ही शर्मनाक बात यह है कि अपनी जिम्मेदारियों से कन्नी काटने का खेल बड़े आराम से खेला जा रहा है। राजनीति का बाजार गर्म है। गृहमंत्री पी चिदम्बरम को इसके पीछे पाकिस्तान का हाथ नजर आता है और राज्य के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला अब भी यह मानने के लिए तैयार नहीं ह...

जकूजी ने बदले स्नान के मायने

जकूजी और आपका स्नान तेज रफ्तार जिदंगी। सोचने का वक्त नहीं। कामकाज का बेतहाशा बोझ। आगे निकलने की होड़। ऐसे में थकता तन और मन। फिर से तरोताजा होने की जरुरत। आप क्या करते हैं। चाय की चुस्की या कुछ घंटों की नींद या फिर कुछ देर की मस्ती। इसी पर जानकारी दे रहे हैं आपको अजय शर्मा यदि आप यह महसूस करते हैं कि समय के साथ-साथ आपका एनर्जी लेवल कमजोर हो गया है। आपको काम की थकान के बाद आराम करने पर भी फ्रेशनेस महसूस नहीं होती है। दिनभर की थकान दूर करने के लिए बहुत से कारगर तरीके हैं। कोई चाय की चुस्की या कुछ घंटों की नींद लेना पसंद करता है। लेकिन इससे भी आप फ्रेश महसूस नहीं कर पाते हैं। तो ऐसे में बाथ ऐसा तरीका है जो सबसे ज्यादा कारगर और लोकप्रिय है। लेकिन वक्त के साथ साथ इसमें भी बदलाव आए हैं। अब लोग इसको लेकर अधिक जागरुक हो गए हैं। स्नान भी अब एक रिफ्रेशमेंट का जरिया बन गया है। आजकल बाथरुम में बाथटब ने बहुत तेजी के साथ अपनी जगह बनाई है। लोगों में बाथटब जकूजी को लेकर खासा क्रेज है। क्योंकि इस भागमभाग की जिंदगी में व्यक्ति कुछ भी बोरिंग नहीं चाहता। ऐसे में बात हो स्नान की, तो समझौता बिल्कुल ...